द कश्मीर फाइल्स को एक से ज्यादा फ़िल्मफेयर नॉमिनेशन लेकिन अवार्ड एक भी नहीं

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68वें फिल्मफेयर अवार्ड्स की शाम सजी स्टार्स ने डांस परफार्मेंस दी और एक-एक कर फिल्मफेयर अवार्ड्स बांटे गए। लेकिन बीते साल सुर्खियों में रही द कश्मीर फाइल्स को नॉमिनेशन तो कई कैटेगरी में मिला, लेकिन अवार्ड एक में भी नहीं, जिसपर अनुपम खेर ने एक क्रिप्टिक नोट शेयर किया। उन्होंने लिखा- इज्जत एक महंगा तोहफा है। इसकी उम्मीद सस्ते लोगों से न रखें, हैशटैग द कश्मीर फाइल्स।

द कश्मीर फाइल्स को फिल्मफेयर में कई नॉमिनेशन में रखा गया, जैसे बेस्ट फिल्म, बेस्ट डायरेक्टर के लिए विवेक अग्निहोत्री को, बेस्ट एक्टर इन लीडिंग रोल में अनुपम खेर को, बेस्ट एक्टर इन सपोर्टिंग रोल मेल कैटेगरी में मिथुन चक्रवर्ती और दर्शन कुमार को और बेस्ट स्क्रीनप्ले के लिए विवेक अग्निहोत्री को। लेकिन फिल्म को एक भी अवार्ड नहीं दिया गया।

जिसपर फिल्मफेयर के लिए सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर आम से लेकर खास तक कई नेगेटिव रिएक्शन भी आए। अनुपम खेर को द कश्मीर फाइल्स फिल्म के लिए बेस्ट एक्टर इन लीडिंग रोल में नॉमिनेशन मिला था, लेकिन इस कैटेगरी में फिल्म बधाई दो के लिए राजकुमार राव को अवार्ड दिया गया है।

वैसे अवार्ड्स के नॉमिनेशन से पहले ही फिल्म के डायरेक्टर विवेक अग्निहोत्री ने सोशल मीडिया पर एक लंबा सा पोस्ट करके अवार्ड शो का हिस्सा बनने से इंकार कर दिया था।

उन्होंने लिखा कि मुझे मीडिया से पता चला कि 68वें फिल्मफेयर अवार्ड्स में द कश्मीर फाइल्स को 7 कैटेगरी में नॉमिनेट मिला है। लेकिन मैं विनम्रतापूर्वक इन अनैतिक और सिनेमा विरोधी पुरस्कारों का हिस्सा बनने से इंकार करता हूं। द कश्मीर फाइल्स, इन अवार्ड्स का हिस्सा क्यों नहीं बनना चाहते हैं, इसका भी जवाब दिया।

उन्होंने आगे लिखा- फिल्मफेयर के मुताबिक स्टार्स के अलावा किसी का कोई चेहरा नहीं होता, कोई मायने नहीं रखता। फिल्म फेयर की चापलूस और अनैतिक दुनिया में संजय भसांली या सूरज बड़जात्या जैसे उस्ताद निर्देशकों का कोई चेहरा नहीं है। संजय लीला भंसाली आलिया भट्ट की तरह दिखते हैं, सूरज मिस्टर बच्चन की तरह और अनीस कार्तिक आर्यन की तरह। ऐसा नहीं है कि एक फिल्म निर्माता की गरिमा फिल्मफेयर पुरस्कारों से आती है लेकिन ये अपमानजनक व्यवस्था समाप्त होनी चाहिए।

आगे उन्होंने दुष्यंत कुमार की चार लाइंस शेयर की...

सिर्फ हंगामा खड़ा करना मेरा मकसद नहीं,

मेरी कोशिश है कि ये सूरत बदलनी चाहिए।

मेरे सीने में नहीं तो तेरे सीने में सही,

हो कहीं भी आग, लेकिन आग जलनी चाहिए हैसटैग हम देखेंगे

 

68वें फिल्म फेयर अवार्ड्स में बेस्ट फिल्म के लिए गंगूबाई कठियावाडी, बधार्ई दो और ब्रह्मास्त्र पार्ट वन शिवा की सबसे ज्यादा धूम रही। गंगूबाई काठियावाडी को बेस्ट फिल्म चुना गया। आलिया भट्ट गंगूबाई के रोल के लिए बेस्ट एक्टर फीमेल और राजकुमार राव बधाई दो के लिए बेस्ट एक्टर मेल रहें।

 

सपोर्टिंग रोल मेल के लिए अनिल कपूर को फिल्म जुग-जुग जियो के लिए और सपोर्टिंग रोल फीमेल के लिए शीबा चढ्डा को बधाई दो के लिए मिला है। वहीं, बेस्ट स्टोरी के लिए अक्षत घिल्डियाल को और सुमन अधिकारी को बधाई दो के लिए बेस्ट स्टोरी फिल्म फेयर अवार्ड मिला।

 

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